अयोध्या:मुस्लिमो को मदद के लिए आगे आये ये लोग,बोले-बाहरी लोग कर रहे है…

November 25, 2018 by No Comments

अयोध्या में धर्मसभा से पहले अल्पसंख्यक समुदाय के अधिकतर घरो में ताला लगा है.किसी अनहोनी की आशंका में डरे-सहमे अल्पसंख्यकों के घरों के बाहर ताले लटके है वही कई हिन्दू पड़ोसियों ने मुस्लिम समुदाय के लोगो को अपने ही घर में इसलिए पनाह दी है कहीं कोई बाहरी उन्हें नुकसान ना पंहुचा दे.जनसत्ता की एक खबर के अनुसार,अयोध्या में हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं की भीड़ बढ़ रही है.आसपास के जिलो से बसों में भीड़ लाइ जा रही है.

हिंदी अख़बार हिंदुस्तान से बातचीत में स्थानीय निवासी मो.जब्बार ने कहाकि मैंने ऐसा 1992 जैसी परिस्थितियों से बचने के लिए किया.उस समय भीड़ अचानक हमलावर हो गई थी,उस समय बाहरी भीड़ ने मुस्लिम समुदाय पर हमला किया था,जान माल का काफी नुकसान होता लेकिन स्थनीय हिन्दू ने तब मदद की थी लेकिन कई ज़गह मुस्लिमो की मदद करने पर भीड़ ने उन्हें भी निशाना बनाया.

Photo Source-Jansatta


कई स्थानीय मुस्लिमो को अयोध्या के पडोसी जोकि हिन्दू है ने शरण दी है.1992 में पाण्डेय जी ने अब्दुल अज़ीज़ की मदद कर के पुरे परिवार को बचाया है.स्थानीय मुस्लिमो में से काफी मुस्लिम शहर छोड़कर अपने दुसरे रिश्तेदारों के यहाँ चले गये है लेकिन ऐसे लोगो की भी संख्य काफी है जिन्हें अयोध्या के हिन्दू पड़ोसियों ने अपने घर में इसलिए शरण दी है कहीं कोई अनहोनी ना हो जाए.

अयोध्या के रहने वाले हरी बाबू का कहना है यहाँ स्थनीय लोगो में हिन्दू और मुस्लिम को लेकर कोई तनाव या विवाद है परस्पर यहाँ विश्वास ज्यादा लेकिन बाहर से आये लोगो का ना तो मुस्लिम भरोसा कर पाते है और हिन्दू भी उन लोगो पर कोई भरोसा नही करते है अक्सर देखा गया है ये लोग उत्तेजित हो जाते है जिससे शांति भंग होने का खतरा बना रहता है.

हरी बाबू का ये भी कहना है कि अखबारों से उन्हें पता चला कि तीन हजार मुस्लिम शहर छोड़कर चले गये है दरअसल अयोध्या शहर से अधिक पलायन रास्ते में पड़ने वाले गाँव के मुस्लिमो ने किया है.वही यहाँ के रहने वाले मोहन नाम के युवक का कहना है कि इस बार 1992 जैसा तनाव नही है लेकिन कब कौन सी अप्रिय घटना हो जाए उसका भय तो सभी के दिलो में है.

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