दूसरे देशों से ज्यादा भारत को क्यूँ महंगा राफेल सौदा, देश को गुमराह कर रही मोदी सरकार: कांग्रेस

March 10, 2018 by No Comments

कांग्रेस ने राफेल डील मामले में केंद्र सरकार पर राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ ‘समझौता’ करने तथा 36 राफेल लड़ाकू विमान खरीद कर सरकारी खजाने को 12,362 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया है। राफेल विमान की निर्माता कंपनी डसॉल्ट ऐविएशन की सालाना रिपोर्ट का हवाला देते हुए कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाया है कि इस कंपनी ने अपना एक विमान कतर एवं मिस्र को जिस दाम पर बेचा था। उसके 11 महीने बाद भारत को उस दाम से 351 करोड़ रुपये बढाकर बेचा।

कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद और रणदीप सुरजेवाला ने संसद भवन परिसर में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि भारत को 2016 में 36 राफेल विमान 7.5 अरब यूरो में बेचे गये जबकि कतर एवं मिस्र को 2015 में यह 7.5 अरब यूरो में बेचे गये थे।  उन्होंने कहा कि राफेल सौदे पर मोदी सरकार की ध्यान भटकाने वाली युक्तियों के कारण इस बारे में जवाब मिलने के बजाय कई सवाल पैदा हुए हैं, राफेल विमानों की खरीद में सरकार ने पूरी तरह से अपारदर्शिता बरती है। अगर मोदी सरकार ने यूपीए सरकार द्वारा 126 विमानों के लिए किये गये सौदे को रद्द न किया होता तो वह 41,212 करोड़ रुपये बचा सकती थी।
इससे पहले कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी भी लगातार राफेल के मुद्दे पर मोदी सरकार से सवाल करते रहे हैं, जिसमें ये मुद्दा भी सुर्ख़ियों में रहा। राहुल गांधी आरोप लगा रहे थे कि HAL को हटाकर रिलायंस को क्यों शामिल किया गया?

आपको बता दें की फ्रांस के राष्ट्रपति एमैनुअल मैक्रॉन की 4 दिनों की भारत यात्रा पर आये हैं। कांग्रेस ने साफ किया कि अगर राहुल गांधी से उनकी मुलाकात होती है तो पार्टी उनसे राफेल डील के बारे में कोई बातचीत नहीं करेगी।  सुरजेवाला ने कहा की अगर किसी देश के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री या विदेश मंत्री हमारे देश में आते हैं तो वह हमारे मेहमान होते हैं। उसमें सरकार और विपक्ष में कोई वैचारिक अंतर नहीं होता।’

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *