इज़राइल और अमरीका की साज़िशें होंगी नाकाम: एर्दोगन

September 26, 2018 by No Comments

अंकारा। तुर्की के राष्ट्रपति ने बैतुल मुक़द्दस को अमरीका और इजराइली षडयंत्रों से बचाने की बात करते हुए कहा है कि बैतुल मुक़द्दस तमाम इस्लामी दुनियां का दिल है। इसकी सुरक्षा और आज़ादी की ज़िम्मेदारी सिर्फ फिलिस्तीनियों की नहीं बल्कि दुनिया के सभी मुसलमानों की है। रजब तय्यब एर्दोगान ने आगे कहा है कि हम अपने मित्र देशों के सहयोग से बैतुल मुक़द्दस के विरुद्ध होने वाले षडयंत्र का मुक़ाबला करेंगे और इसे विफल बना देंगे।

आप को बता दें कि बैतूल मुकददस की इस्लाम, यहूदी और ईसाई , तीनों धर्मों मे धार्मिक महत्वता है। इसलिए अक़्सर तीनों धर्मों के मानने वालों के बीच तनाव का कारण बना रहता है । यह मुसलमानों का पहला क़िबला है । पहले इसी की और रुख करके नमाज़ अदा की जाती थी। बाद मे पैगम्बर मौहम्मद. साहब ने इसे बदल कर नये किबले की और रुख करके नमाज़ पढ़ाई थी।

एर्दोगान ने इस्राईल पर आरोप लगाते हुए कहा कि वह मुसलमानों के बीच मतभेदों का दुरूपयोग करने का प्रयास कर रहा है ।उन्होंने आगे कहा कि इज़राइल चाहता है कि मुसलमानों के पहले क़िब्ले को उनकी याद से निकाल दे। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि अतिवादी ज़ायोनी, इस्राईल की सहायता से क़ुद्स का तानाबान ख़राब करने के प्रयास कर रहे हैं। जो मुसलमानों को बिल्कुल मंजूर नहीं है ।

एर्दोगान ने संयुक्त राष्ट्रसंघ मे भी सुधार की ज़रूरत पे पर बल दिया। वीटो का अधिकार प्राप्त पांच देशों पर हमला करते हुए उन्होंने कहा कि विश्व इन पाँच देशों से बहुत बड़ा है। उन्होंने न्याय की स्थापना के लिए संयुक्त राष्ट्र संघ के सभी 194 सदस्यों को चरणबद्ध ढंग से वीटो का अधिकार दिये जाने की मांग भी की ।

संयुक्त राष्ट्र पे गंभीर आरोप लगाते हुए एर्दोगान ने कहा कि इस्राईल के विरुद्ध सुरक्षा परिषद में कोई प्रस्ताव पारित कराना आसान नहीं है । वीटो प्राप्त देशों का कोई एक सदस्य भी वीटो कर देता है और प्रस्ताव पारित नहीं हो पाता है।

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