मेट्रो का किराया बढ़ाना महिला विरोधी है; 97% महिलाओं ने जतायी नाराज़गी

नई दिल्ली: दिल्ली मेट्रो का किराया बढाए जाने के बाद इसका विरोध शुरू हो गया है. दिल्ली वासियों को इससे काफी परेशानी हो रही है. इस बारे में डेल्ही कमीशन फॉर वीमेन की चेयरपर्सन स्वाति जय हिन्द ने भी मेट्रो का किराया बढाने की आलोचना की है. उन्होंने ट्विटर के ज़रिये कहा,”मेट्रो किराया वो ही बढ़ा सकता है जो ज़मीन से कोसों दूर हो व खुद कभी मेट्रो में न चलता हो। केंद्र को महिला विरोधी निर्णय वापिस लेना चाहिये!”

उन्होंने बताया कि DCW ने एक सर्वे कराया है जिसमें 2516 औरतों से पूछा गया कि उनके ऊपर मेट्रो का किराया बढ़ने का क्या प्रभाव पड़ा है. स्वाति ने बताया कि इस सर्वे में 68 फ़ीसद महिलाओं ने कहा है कि वो मेट्रो से सफ़र नहीं करेंगी. स्वाति ने ट्विटर पर लिखा है,”सर्वे में लड़किया बोली मेट्रो में सुरक्षित महसूस करती हैं। किराया बढ़ने से 68% महिला मेट्रो सफर नही करेंगी। महिला सुरक्षा से क्यो खिलवाड़?”

स्वाति ने बताया कि मेट्रो का किराया बढाए जाने से 97% महिलायें ख़ुश नहीं हैं.

गौरतलब है कि मेट्रो का किराया बढाए जाने के बाद इसकी ज़बरदस्त आलोचना हो रही है. कुछ विपक्षी दलों ने इस मामले में भाजपा पर आरोप लगाया है कि ये कैब कंपनियों से मिलकर ऐसा कर रही है ताकि बड़ी बड़ी कैब कंपनियाँ पैसा कमायें. दिल्ली मेट्रो से सफ़र करने वाले लोगों ने इस फ़ैसले पर अपनी नाराज़गी दिखायी है. मेट्रो को दूसरे ट्रांसपोर्ट से सुरक्षित माना जाता है. इसलिए इसको लोग सुरक्षा से समझौता भी मान रहे हैं. ऐसा माना जाता है कि बस और दूसरे ट्रांसपोर्ट में अपराध की वारदात अधिक होती हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published.