ईरान को रोकने के लिए अमरीका ने उठाया ये क़दम..

October 17, 2018 by No Comments

वाशिंगटन डीसी: संयुक्त राज्य अमरीका की ट्रेज़री ने आज ईरान पर नए प्रतिबन्ध लगाने की घोषणा की है. इन प्रतिबंधों के ज़रिए ईरान की आर्थिक किर्याओं को निशाना बनाया गया है. अमरीका ने बैंक मेल्लत और मेहर एक्तेसाद बैंक को निशाना बनाया है. माना जा रहा है कि ये क़दम अमरीका ने ईरान द्वारा बैलिस्टिक मिसाइल के परीक्षण कर लेने की वजह से लगाए हैं. ईरान ने अब लैंड टू सी की बैलिस्टिक मिसाइल जिसकी क्षमता 700 किलोमीटर तक है, का कामयाब परीक्षण किया है.

ईरान की सेना ने इस बारे में सूचना दी. आपको बता दें कि पिछले दिनों अमरीका और ईरान में इस मुद्दे पर तल्ख़ी देखी गयी. अमरीकी राष्ट्रपति ने मई में एक अन्तराष्ट्रीय समझौता भी तोड़ दिया था जिसको लेकर ट्रम्प की कड़ी आलोचना भी हुई थी. अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ईरान के नुक्लेअर प्रोग्राम को ठीक नहीं मानते जबकि ईरान का कहना है कि उसका नुक्लेअर प्रोग्राम पूरी तरह से डिफेंसिव है. ईरान की रेवोलुशनरी गार्ड्स के अध्यक्ष अमिराली हज्जिज़देह ने कहा कि हमने ज़मीन से समंदर में मार करने वाली बैलिस्टिक का परीक्षण कर लिया है जो 700 किलोमीटर तक जा सकेगी.

आपको बता दें कि ईरान को क्षेत्र में एक सैन्य शक्ति माना जाता है जिसे रूस जैसे मज़बूत देश का समर्थन है. अमरीका और इजराइल ये आरोप लगाते हैं कि ईरान लेबनान, सीरिया और यमन जैसे देशों को अपने हाथों चलाना चाहता है. ईरान ने इन सभी आरोपों को हमेशा निराधार बताया है. ईरान क्षेत्र में अशांति के लिए इजराइल को ज़िम्मेदार मानता है. ईरान के राष्ट्रपति हसन रूहानी ने संयुक्त राष्ट्र सभा के 73वें अधिवेशन में कहा था कि अमरीका “आर्थिक युद्ध” फैला रहा है. उन्होंने इस तरह के प्रतिबंधों को “आर्थिक आतंकवाद” का नाम दिया था.

अमरीका के ईरान से ख़फ़ा होने की बड़ी वजह इजराइल से उसकी नज़दीकी है. पश्चिम एशिया में इजराइल अमरीका का सबसे क़रीबी मित्र माना जाता है. जानकार मानते हैं कि अमरीका में सरकार की किर्याओं में बहुत हद तक इजराइल का दख़ल रहता है.

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